पंजाबी संस्कृति

  • Sanjha Chulha || सांझा चूल्हा: पंजाबी परंपरा और सामूहिकता का प्रतीक

    “सांझा चूल्हा” एक सुंदर और अनोखी पंजाबी परंपरा है, जो पंजाब प्रांत (जो अब पाकिस्तान का हिस्सा है) में उत्पन्न हुई थी, जब भारत विभाजन से पहले यह क्षेत्र एक था। यह परंपरा पंजाब के ग्रामीण इलाकों से जुड़ी हुई है, जहाँ विभिन्न समुदायों की महिलाएं अपने घरों में खाना बनाती थीं, लेकिन रोटियां एक सामान्य चूल्हे में पकाई जाती थीं। इस पारंपरिक आदत ने इस परंपरा को “सांझा चूल्हा” नाम दिया, जिसका अर्थ होता है “साझा चूल्हा” या “सामूहिक चूल्हा”। सांझा चूल्हा का इतिहास पुराने समय में, जब पंजाबी गांवों में घर-घर रोटियां बनाने का काम होता था, तो हर परिवार की महिला अपने घर में भोजन पकाती थी। हालांकि, रोटियां बनाने के लिए सभी महिलाएं एक साथ मिलकर…