शिशुकीअवस्था

  • शैशवावस्था / बाल्यावस्था का संधि-विच्छेद और बाल्यावस्था का महत्व

    शैशवावस्था शब्द बच्चों के जीवन के महत्वपूर्ण चरण को दर्शाता है, जब वे शारीरिक, मानसिक, और भावनात्मक दृष्टिकोण से तेजी से विकसित होते हैं। यह शब्द संस्कृत के दो भागों से मिलकर बना है, जिनका सही संधि-विच्छेद इस प्रकार है: यहाँ शैशव का अर्थ होता है ‘शिशु’ या ‘बच्चा’, और अवस्था का अर्थ है ‘स्थिति’ या ‘अवस्था’। इस प्रकार शैशवावस्था का शाब्दिक अर्थ होता है ‘शिशु की अवस्था’ या ‘बच्चे की स्थिति’। यह वह चरण होता है जब शिशु का शारीरिक और मानसिक विकास तेजी से होता है। शैशवावस्था का महत्व शैशवावस्था बच्चों के जीवन का प्रारंभिक और अत्यंत महत्वपूर्ण दौर होता है। इस दौरान शिशु शारीरिक और मानसिक दोनों रूप से तेज़ी से बढ़ता है। शैशवावस्था में बच्चे का…